Thursday, May 13, 2010

बारमेर today

मोरपंख की खरीद-फरोख्‍त पर लगेगी रोक



मोरपंखों और इससे बनी सजावटी वस्तुओं या अन्य सामानों की खरीद-फरोख्त पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी है। वन्यजीव सुरक्षा कानून-1972 में घरेलू बाजार में मोर पंख के व्यापार की छूट दी हुई है, जिसे केन्द्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय का वापस लेने का प्रस्ताव है। अधिकारियों का मानना है कि मोर पंखों की मांग और बिक्री में तेजी आई है, जिससे पंखों के लिए इनके शिकार की घटनाएं भी बढ़ी हैं।

वन्यजीव सुरक्षा कानून के तहत मोर के शिकार, पालन और इसके पंखों के निर्यात पर प्रतिबंध हैं। अब इस कानून में संशोधन कर घरेलू बाजार में मोरपंख या इससे संबंधित वस्तुओं की बिक्री पर भी प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव है।

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